Saturday, 21 February 2026
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भारत मंडपम AI समिट 2026 के पहले दिन अव्यवस्था, मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मांगी माफी

इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के पहले दिन भारत मंडपम में अव्यवस्था, लंबी कतारें और एंट्री कन्फ्यूजन देखने को मिला। मंत्री अश्विनी वैष्णव ने माफी मांगते हुए सुधार का भरोसा दिया।

दिल्ली के भारत मंडपम में 16 फरवरी को आयोजित इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के पहले दिन भारी अव्यवस्था देखने को मिली। हजारों प्रतिभागियों को लंबी कतारों, देरी और एंट्री कन्फ्यूजन का सामना करना पड़ा। कई लोगों को घंटों तक भूखे-प्यासे इंतजार करना पड़ा, जबकि कुछ एग्जिबिटर्स को सुरक्षा जांच के दौरान अपने स्टॉल खाली करने पड़े।

मंत्री अश्विनी वैष्णव ने जताया खेद, सुधार का दिया भरोसा

17 फरवरी को इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने पहले दिन हुई समस्याओं पर माफी मांगी। उन्होंने कहा कि समिट में 70,000 से ज्यादा लोग पहुंचे हैं और सरकार यूजर एक्सपीरियंस बेहतर बनाने के लिए सुझावों पर काम कर रही है। उन्होंने बताया कि समिट मैनेजमेंट के लिए वॉर रूम बनाया गया है और टीम लगातार स्थिति सुधारने में लगी है।

दुनिया के सबसे बड़े AI इवेंट्स में शामिल बताया जा रहा समिट

सरकार ने इस समिट को दुनिया के सबसे बड़े आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आयोजनों में से एक बताया है। इसमें स्टार्टअप फाउंडर्स, ग्लोबल टेक कंपनियों के प्रतिनिधि और इंटरनेशनल डेलीगेट बड़ी संख्या में पहुंचे, जिससे AI सेक्टर में भारत की बढ़ती भूमिका साफ दिखी।

सिक्योरिटी और एंट्री सिस्टम बना परेशानी की वजह

पहले दिन कई एंट्री पॉइंट्स पर ओवरलैपिंग सिक्योरिटी चेक और साफ निर्देशों की कमी के कारण लंबी लाइनें लगीं। कई एग्जिबिटर्स ने शिकायत की कि उन्हें यह जानकारी नहीं थी कि स्टॉल एक्सेस कब मिलेगा, जिससे काम प्रभावित हुआ।

इवैक्युएशन के दौरान स्टार्टअप के डिवाइस चोरी होने का आरोप

नियो सेपियन के को-फाउंडर धनंजय यादव ने दावा किया कि सिक्योरिटी क्लियरेंस और इवैक्युएशन के दौरान उनके AI वियरेबल डिवाइस गायब हो गए। उन्होंने इसे बेहद निराशाजनक बताया और कहा कि स्टार्टअप्स को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।

फाउंडर्स और एंटरप्रेन्योर्स ने जताई नाराजगी

कई स्टार्टअप फाउंडर्स ने कहा कि उन्हें बिना स्पष्ट जानकारी के घंटों बाहर इंतजार करना पड़ा। कुछ ने आरोप लगाया कि VIP मूवमेंट को प्राथमिकता दी गई जबकि बिल्डर्स और इनोवेटर्स को नजरअंदाज किया गया। खराब Wi-Fi, नेटवर्क और बार-बार रजिस्ट्रेशन समस्या भी सामने आई।

आगे के दिनों में सुधार की उम्मीद

आयोजकों का कहना है कि समिट 20 फरवरी तक चलेगा और आने वाले दिनों में भीड़ मैनेजमेंट और एक्सेस सिस्टम बेहतर किया जाएगा। कई एग्जिबिटर्स को उम्मीद है कि बिग टेक कंपनियों और इंटरनेशनल इंडस्ट्री लीडर्स के आने से ऑपरेशन ज्यादा स्मूद होंगे।

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